आ: ( ये गोटेदार लहँगा
निकलूँ जब डाल के ) -3
छुरियाँ चल जायेँ
( छुरियाँ चल जायेँ
मेरी मतवाली चाल पे ) -2
र: ( जलवे फिर देख गोरी
मेरी भी चाल के ) -2
चुनरी बँध जाये
( चुनरी बँध जाये तेरी
मेरे रूमाल से ) -2
आ: दिर दा रा -4
आ: ( एक तो बाबू शीशे जैसी
चिकनी मेरी जवानी
दूजे उमर मसतानी ) -2
हो मेरे बदन पर ऐसे फिसले
तेरी नज़र दीवानी
जैसे ढलकता पानी पानी
( अँखियाँ मिलाना हमसे
छलिया सम्भाल के ) -2
छुरियाँ चल जायेँ -2
मेरी मतवाली चाल पे
र: चुनरी बँध जाये तेरी
मेरे रूमाल से
र: हे
( आज हमारी एक नजर ने
क्या आफ़त कर डाली
देख ज़रा मतवाली ) -2
कहाँ-कहाँ से मसकी तेरी
कुरती रेशम वाली
झलके बदन की लाली लाली
( तू भी कमाल की है
हम भी कमाल के ) -2
चुनरी बँध जाये -2
तेरी मेरे रूमाल से
आ: छुरियाँ चल जायेँ
मेरी मतवाली चाल पे
आ: दिर दा रा -4
आ: ( मन के चोर नहीं चलने दूँ
आज तुम्हारी चोरी
मैं अलबेली छोरी ) -2
र: मैं तो उड़ा लूँ आँख से काजल
चाहें खुली हो गोरी
दोनों अँखियाँ तोरी
आ: जा-जा
( ऐसों को रखती हूँ मैं
खीसे में डाल के ) -2
छुरियाँ चल जायेँ -2
मेरी मतवाली चाल पे
र: चुनरी बँध जाये
तेरी मेरे रूमाल से