ज़ो: ( सावन के बादलो
उनसे ये जा कहो ) -2
तक़दीर में यही था
साजन मेरे ना रो
सावन के बादलो
क: ( घनघोर घटावो
मत झूम के आवो ) -2
याद उनकी सतायेगी
तुम-तुम यहाँ ना हो
सावन के बादलो
ज़ो: ( जिस दिन से जुदा हम हैं
आँखें मेरी पुरनम हैं
आँखें मेरी पुरनम हैं ) -2
रो-रो के मैं मर जाऊँ
दुख तेरी बला को
सावन के बादलो
क: ( छेड़ो ना हमें आ के
बरसो कहीं और जा के
बरसो कहीं और जा के ) -2
वो दिन ना रहे अपने
रातें ना रहीं वो
सावन के बादलो
ज़ो: सावन के बादलो
उनसे ये जा कहो