जवानी न आती न दिल हम लगाते
न ग़म कोई होता न आँसू बहाते
तड़पती न हसरत न अरमान रोते
वो भूले थे हम भी उन्हें भूल जाते
तेरा आसमाँ क्या बिगड़ता जो हम भी
जहाँ में घड़ी दो घड़ी मुस्कराते
शिक़ायत किसी की न शिक़वा किसी से
ये तक़दीर थी चोट पर चोट खाते
जवानी न आती न दिल हम लगाते
न ग़म कोई होता न आँसू बहाते
तड़पती न हसरत न अरमान रोते
वो भूले थे हम भी उन्हें भूल जाते
तेरा आसमाँ क्या बिगड़ता जो हम भी
जहाँ में घड़ी दो घड़ी मुस्कराते
शिक़ायत किसी की न शिक़वा किसी से
ये तक़दीर थी चोट पर चोट खाते
javānī na ātī na dil ham lagāte
na ġham koī hotā na āṇsū bahāte
taṛaptī na hasrat na armān rote
vo bhūle the ham bhī unheṅ bhūl jāte
terā āsmāṇ kyā bigaṛtā jo ham bhī
jahāṇ meṅ ghaṛī do ghaṛī muskrāte
śhiqāyat kisī kī na śhiqvā kisī se
ye taqdīr thī choṭ par choṭ khāte