चुपके चुपके रात दिन आँसू बहाना याद है
हम को अब तक आशिकी का वो जमाना याद है
खिंच लेना वो मेरा पर्दे का कोना दफ़्तन
और दुपट्टे से तेरा वो मुँह छुपाना याद है
दोपहर की धूप में मेरे बुलाने के लिये
वो तेरा कोठे पे नंगे पाँव आना याद है
चुपके चुपके रात दिन आँसू बहाना याद है
हम को अब तक आशिकी का वो जमाना याद है
खिंच लेना वो मेरा पर्दे का कोना दफ़्तन
और दुपट्टे से तेरा वो मुँह छुपाना याद है
दोपहर की धूप में मेरे बुलाने के लिये
वो तेरा कोठे पे नंगे पाँव आना याद है
chupke chupke rāt din āṇsū bahānā yād hai
ham ko ab tak āśhikī kā vo jamānā yād hai
khiṅch lenā vo merā parde kā konā daftan
aur dupaṭṭe se terā vo muṇh chhupānā yād hai
dopahar kī dhūp meṅ mere bulāne ke liye
vo terā koṭhe pe naṅge pāṇv ānā yād hai